

चिरायु ने लौटाई नेत्र ज्योति, कृष्णा के जीवन में फिर आया उजाला समय पर जांच और उपचार से अब नियमित स्कूल जा रहा कृष्णा, पढ़ाई के प्रति बढ़ी रुचि
कवर्धा खबर योद्धा।। समय पर स्वास्थ्य जांच और उचित उपचार किसी बच्चे के जीवन में बड़ा बदलाव ला सकता है। स्वास्थ्य विभाग की चिरायु योजना के माध्यम से कवर्धा के वार्ड क्रमांक 9, ग्राम ध्वाडर्र निवासी कृष्णा कहार के जीवन में भी ऐसा ही सकारात्मक बदलाव आया है। दृष्टि संबंधी समस्या के कारण कृष्णा की दैनिक दिनचर्या और पढ़ाई प्रभावित हो रही थी। विद्यालय जाने और पढ़ाई करने में उसे कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। चिरायु योजना के तहत स्वास्थ्य जांच के बाद आवश्यक उपचार एवं ऑपरेशन कराया गया, जिसके बाद अब कृष्णा को स्पष्ट रूप से दिखाई देने लगा है।

कृष्णा कहार को दिखाई देने में परेशानी होने के कारण उसे रोजमर्रा के कार्य करने के साथ-साथ पढ़ाई में भी कठिनाई होती थी। दृष्टि संबंधी समस्या के कारण विद्यालय जाने और कक्षा में अध्ययन करने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। परिवार के लिए भी बच्चे की इस समस्या को लेकर चिंता बनी रहती थी। चिरायु योजना के अंतर्गत कृष्णा की स्वास्थ्य जांच की गई। जांच के बाद चिकित्सकीय परामर्श के अनुसार आवश्यक उपचार की प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई। आवश्यक ऑपरेशन के बाद कृष्णा की दृष्टि में उल्लेखनीय सुधार हुआ। अब वह पहले की तुलना में स्पष्ट रूप से देख पा रहा है और अपनी दैनिक गतिविधियां आसानी से कर रहा है।
स्कूल जाने और पढ़ाई के प्रति बढ़ा आत्मविश्वास
उपचार के बाद कृष्णा अब नियमित रूप से स्कूल जाने लगा है। दृष्टि में सुधार होने से उसकी पढ़ाई के प्रति रुचि भी बढ़ी है। वह अब अपनी पढ़ाई और दैनिक गतिविधियों में अधिक सहज महसूस करता है। दृष्टि में सुधार के साथ उसके आत्मविश्वास में भी सकारात्मक बदलाव आया है। कृष्णा की इस बदली हुई स्थिति से उसके परिवार में भी खुशी का माहौल है।
“अंधकारमय जीवन हुआ प्रकाश की ओर अग्रसर”
अपने अनुभव को साझा करते हुए कृष्णा के परिवार ने कहा कि समय पर जांच और उपचार से बच्चे के जीवन में बड़ा बदलाव आया है। हितग्राही का कहना हैकृ “अंधकारमय जीवन हुआ प्रकाश की ओर अग्रसर।”
स्वस्थ एवं उज्ज्वल भविष्य की दिशा में महत्वपूर्ण पहल
सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत चिरायु योजना के माध्यम से बच्चों तक समय पर स्वास्थ्य जांच, उपचार और आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना उनके स्वस्थ एवं उज्ज्वल भविष्य की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। कृष्णा की कहानी यह संदेश देती है कि बच्चों की स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं की समय पर पहचान और उचित उपचार से उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव लाया जा सकता है।






