60 यात्रियों से भरी बस पलटी, कुछ मिनटों में बदल गया सफर का मंजर
ग्रामीण बने फरिश्ता, बस हादसे में फंसे यात्रियों को सुरक्षित निकाला
रायपुर से लखनऊ जा रही बस पनेका के पास दुर्घटनाग्रस्त, पांच से अधिक घायल; ग्रामीणों और पुलिस की तत्परता से टला बड़ा हादसा
कवर्धा खबर योद्धा।। रायपुर से लखनऊ जा रही एक यात्री बस रविवार को कबीरधाम जिले में दुर्घटनाग्रस्त हो गई। दशरंगपुर चौकी क्षेत्र अंतर्गत पनेका गांव के पास राष्ट्रीय राजमार्ग-30 पर नफीस ट्रेवल्स की बस अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खेत में पलट गई। हादसे के समय बस में लगभग 55 से 60 यात्री सवार थे। दुर्घटना के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई और कुछ ही मिनटों में खेत राहत एवं बचाव शिविर में तब्दील हो गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बस पलटते ही यात्रियों की चीख-पुकार गूंज उठी। कई यात्री सीटों के बीच फंस गए, जबकि कुछ लोग खिड़कियों और दरवाजों से बाहर निकलने का प्रयास करते रहे। हादसे की आवाज सुनते ही आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और तत्काल राहत कार्य शुरू कर दिया। ग्रामीणों की मदद से बस में फंसे कई यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया।

मजदूरों और कामगारों से भरी थी बस
जानकारी के अनुसार बस में बड़ी संख्या में मजदूर और श्रमिक वर्ग के लोग सवार थे, जो रोजगार और कामकाज के सिलसिले में उत्तर प्रदेश जा रहे थे। हादसे में पांच से अधिक यात्रियों को चोटें आईं, जिन्हें उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया। राहत की बात यह रही कि किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई और कोई भी यात्री गंभीर रूप से घायल नहीं हुआ।

पुलिस और ग्रामीणों ने संभाला मोर्चा
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची। पुलिस और ग्रामीणों ने संयुक्त रूप से राहत एवं बचाव अभियान चलाया। घायलों को एंबुलेंस के माध्यम से अस्पताल पहुंचाया गया, जबकि अन्य यात्रियों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने की व्यवस्था की गई। प्रशासन की ओर से यात्रियों को आवश्यक सहायता भी उपलब्ध कराई गई।
स्टेयरिंग फेल होने की आशंका
प्रारंभिक जांच में दुर्घटना का कारण बस का स्टेयरिंग फेल होना बताया जा रहा है। चालक ने बस को नियंत्रित करने का प्रयास किया, लेकिन वाहन सड़क से उतरकर खेत में पलट गया। हालांकि दुर्घटना के वास्तविक कारणों का खुलासा विस्तृत जांच रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
इस हादसे ने एक बार फिर लंबी दूरी की यात्री बसों की तकनीकी जांच और सुरक्षा मानकों को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। बड़ी संख्या में यात्रियों को लेकर चलने वाले वाहनों की नियमित फिटनेस जांच और सुरक्षा उपायों के पालन की आवश्यकता महसूस की जा रही है।
समय पर ग्रामीणों, पुलिस और प्रशासन की तत्परता के कारण एक बड़ा हादसा टल गया और बस में सवार दर्जनों यात्रियों की जान सुरक्षित बचाई जा सकी।


