महाशिवरात्रि पर धर्मनगरी कवर्धा में निकलेगी भव्य महाकाल की बारात
कवर्धा खबर योद्धा ।। महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर बाबा श्री महाकाल भक्त मंडल, कवर्धा द्वारा पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत भगवान श्री महाकाल की भव्य बारात निकाली जाएगी तथा शिव-गौरी विवाह का दिव्य आयोजन किया जाएगा। आयोजन समिति द्वारा इस अलौकिक कार्यक्रम की सभी तैयारियाँ पूर्ण कर ली गई हैं।
आयोजन समिति के विकाश केशरी ने जानकारी देते हुए बताया कि धर्मनगरी कवर्धा की श्रद्धालु जनता, देवी-देवताओं एवं भूत-प्रेतों की आकर्षक झांकियों के साथ बाजे-गाजे और भक्ति संगीत के बीच भगवान भोलेनाथ की उपासना करते हुए बारात में शामिल होगी। इस वर्ष भी पूरे आस्था, उत्साह और भव्यता के साथ महाशिवरात्रि पर्व मनाया जाएगा।

महाभिषेक से होगा कार्यक्रम का शुभारंभ
तय कार्यक्रम के अनुसार श्री बूढ़ामहादेव मंदिर में दोपहर 2:30 बजे भगवान शिव का महाभिषेक कर कार्यक्रम की शुरुआत होगी। पूजा-अर्चना उपरांत भगवान श्री महाकाल की भव्य बारात निकाली जाएगी।
शिव-गौरी विवाह एवं भस्म आरती
वर्ष 2025 की वीडियो ,
महाकाल की बारात माँ महामाया मंदिर के सामने भारत माता प्रतिमा प्रांगण पहुँचेगी, जहाँ भगवान शिव और माता गौरी का दिव्य विवाह संपन्न कराया जाएगा। तत्पश्चात भगवान श्री महाकाल की भस्म आरती की जाएगी, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल होंगे।
देश में पहली बार श्री काल भैरव की अद्भुत झांकी

इस वर्ष महाकाल की बारात में हरियाणा के सिरसा से आए प्रसिद्ध कलाकारों द्वारा श्री काल भैरव की भव्य एवं अद्भुत झांकी प्रस्तुत की जाएगी। आयोजन समिति के अनुसार यह झांकी देश में पहली बार प्रदर्शित होगी। श्री काल भैरव जी नगर भ्रमण करेंगे, जिनके साथ अघोरी, भूत-प्रेत एवं देवी-देवताओं की झांकियाँ बारात की शोभा बढ़ाएँगी।
भगवान नरसिंह एवं बाहुबली हनुमान रहेंगे आकर्षण का केंद्र
कार्यक्रम में विशेष रूप से बाहुबली हनुमान एवं भगवान नरसिंह जी की झांकी भी महाकाल की बारात में शामिल होगी, जो शहरवासियों के लिए विशेष आकर्षण का विषय बनी हुई है।
51 किलो के लड्डू का महाभोग
शिव-गौरी विवाह के अवसर पर भगवान शिव एवं माता पार्वती को 51 किलो के विशाल लड्डू का महाभोग अर्पित किया जाएगा। तत्पश्चात यह प्रसाद श्रद्धालुओं में वितरित किया जाएगा।
युवा कलाकारो की विशेष प्रस्तुति
कवर्धा के युवा कलाकार सोनू निर्मलकर द्वारा प्रसिद्ध फिल्म पुष्पा के एक गीत पर विशेष मंचन प्रस्तुत किया जाएगा, जो माँ काली को समर्पित रहेगा।
पर्यावरण संरक्षण का संदेश
आयोजन के छठे वर्ष में इस पूरे कार्यक्रम को पर्यावरण संरक्षण की भावना को समर्पित किया गया है। भगवान महाकाल की प्रतिमा निर्माण से लेकर अन्य व्यवस्थाओं में पर्यावरण के प्रति जागरूकता का विशेष ध्यान रखा गया है, ताकि समाज में प्रकृति संरक्षण का सकारात्मक संदेश प्रसारित हो।
इस भव्य आयोजन को सफल बनाने में बाबा श्री महाकाल भक्त
मंडल, कवर्धा के सदस्य
सुधीर केशरवानी, आकाश यदु, नीरज चंद्रवंशी, निमेश चंद्रवंशी, निक्कू आमदे, अंकित देवांगन, केतुल नाग, अभिषेक आमदे, राजा झरिया, यकीन ठाकुर, रूपेश चंद्रवंशी, लेखा चंद्रवंशी, करण धर्मी, रितेश यदु, चिराग यादव, युवराज चंदेल, अविनाश गुप्ता, कन्नू सोनी, अमित धुर्वे, शुभम शर्मा, प्रशांत मिश्रा, लोकेंद्र ठाकुर, रूपेश श्रीवास,अंकित चौबे, मनीष चंद्रवंशी, सौरभ नामदेव, वेदांत शर्मा, निखिल यदु, विवेक जायसवाल, बृजेश चंद्रवंशी, अमन बर्वे, गौरांश पाल, अतुल पाण्डेय, स्वप्निल चंद्रवंशी, अनुराग साहू, अनमोल चंद्रवंशी, आनंद साहू, श्रेयांक चंद्रवंशी, तुलसी ठाकुर, अक्षय केशरी, रोहन शर्मा, सहित अनेक कार्यकर्ता दिन-रात जुटे हुए हैं।
महाशिवरात्रि का पर्व त्याग, तप, संयम और प्रकृति के साथ सामंजस्य का संदेश देता है। भगवान शिव की शिक्षाएँ आज के समय में और भी अधिक प्रासंगिक हैं।
आयोजन समिति ने धर्मनगरी कवर्धा के समस्त श्रद्धालुओं से इस भव्य आयोजन में सहभागिता कर पुण्य लाभ अर्जित करने की अपील की है।
