
रेलवे संपत्ति बना मनोरंजन का साधन कोच अटेंडेंट बने रहे मूक दर्शक
रायपुर खबर योद्धा विद्याभूषण दुबे।। ओखा से चलकर बिलासपुर की ओर जाने वाली 22939 नंबर की ट्रेन 25 अक्टूबर को जैसे ही दुर्ग से रायपुर के लिए रवाना हुई उसके बाद एक कोच में युवक युवतियां रेलवे की संपत्तियों का जमकर दुरुपयोग करने लगे। इस दौरान उसी ट्रेन में सफर कर रहे ख़बरयोद्धा के राजधानी रिपोर्टर विद्याभूषण दुबे के द्वारा पूरे घटनाक्रम को अपने कैमरे में कैद कर लिए।
मामला कुछ यूं है कि राजकोट रेलवे मंडल की ट्रेन ओखा से बिलासपुर के लिए 24 अक्टूबर को रवाना हुई थी। यह ट्रेन मध्य रात्रि को लगभग 12:45 पर रायपुर पहुंचती है। कुछ देर विलोम से चल रही ट्रेन जैसे ही दुर्ग से रायपुर के लिए रवाना हुई उसके बाद AC कोच नंबर M-2 में सफर कर युवा मस्ती के मूड में आ गए। अपनी खुशियों को प्रदर्शित करने के लिए उन्होंने रेल प्रशासन की सरकारी संपत्ति चादर और तकिया को बनाया।
वीडियो में साफ साफ देखा जा सकता है कि कोच M -2 के बर्थ संख्या 44-54 के मध्य किस तरह से लड़के लड़कियां रेलवे के तकिया को सिर में ताज का रूप दिए हुए हैं तो कोई चादर को साधु संत जैसा लपेटकर अलग-अलग तरह से मस्ती कर रहे हैं । इस दौरान उन लोगों को जरा भी अंदेशा नहीं था कि यह सब खबरयोद्धा के राजधानी रिपोर्टर विद्याभूषण दुबे के द्वारा कैमरे में कैद किया जा रहा है। इस दौरान ट्रेन में तकिया, चादर और कंबल (बेडरोल) की सप्लाई करने वाले कोच अटेंडेंट (Coach Attendant) बेडरोल मैन (Bedroll Man) चुपचाप तमाशा देखते रहे।
पूरे घटनाक्रम का वीडियो अब रायपुर रेल मंडल के डीसीएम सीनियर डीसीएम और जनसंपर्क विभाग को भेज दी गई है। रेलवे प्रशासन अब इस पर क्या कार्यवाही करती है देखना होगा ।


