
भोलेनाथ की भव्य पालकी यात्रा में मारपीट, दहशत फैलाने वालों पर पुलिस की कार्रवाई
वायरल वीडियो के आधार पर 10 लोगों की पहचान, 8 नाबालिगों के परिजनों को दी सख्त हिदायत; 2 बालिग युवकों पर वैधानिक कार्रवाई
कवर्धा खबर योद्धा।। भगवान भोलेनाथ की भव्य पालकी यात्रा के दौरान शहर में लड़ाई-झगड़ा एवं मारपीट कर दहशत फैलाने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद कबीरधाम पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की है। पुलिस ने वायरल वीडियो के आधार पर संदिग्धों की पहचान कर उनसे पूछताछ की, जिसमें कुल 10 लोगों की पहचान हुई। इनमें 8 नाबालिग और 2 बालिग युवक शामिल हैं।

पुलिस के अनुसार, 24 अगस्त 2026 को भगवान भोलेनाथ की पालकी यात्रा के दौरान कुछ युवकों द्वारा मारपीट एवं लड़ाई-झगड़े का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर प्रसारित किया गया था। वीडियो सामने आते ही पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संदिग्धों की पहचान शुरू की।
जांच के दौरान 10 लोगों की पहचान हुई। 8 नाबालिगों के संबंध में उनके परिजनों को थाना बुलाकर समझाइश दी गई तथा भविष्य में इस प्रकार की घटना की पुनरावृत्ति नहीं करने के लिए सख्त हिदायत दी गई। नाबालिगों के परिजनों ने भी अपने बच्चों की ओर से घटना के लिए क्षमा मांगी और जिलेवासियों से इस कृत्य के लिए माफी मांगते हुए भविष्य में ऐसी घटना नहीं होने देने का आश्वासन दिया।
वहीं, दो बालिग युवकों शिवा दुबे पिता सेट्ठी दुबे, उम्र 21 वर्ष, निवासी मठपारा, कवर्धा तथा दीपराज पाली पिता संतोष पाली, उम्र 19 वर्ष, निवासी पालीपारा, कवर्धा के विरुद्ध थाना सिटी कोतवाली में वैधानिक कार्रवाई की गई है।
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक जितेंद्र कुमार यादव के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हेमसागर सिदार एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अमित पटेल और उप पुलिस अधीक्षक मुख्यालय आशीष शुक्ला के दिशा-निर्देशन में की गई। थाना प्रभारी सिटी कोतवाली निरीक्षक लालजी सिन्हा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मामले में त्वरित कार्रवाई की।
धार्मिक आयोजनों में उपद्रव बर्दाश्त नहीं
कबीरधाम पुलिस ने स्पष्ट किया है कि धार्मिक आयोजनों एवं सार्वजनिक स्थानों पर शांति और कानून-व्यवस्था बिगाड़ने, मारपीट करने अथवा भय एवं दहशत का वातावरण निर्मित करने वाले कृत्यों को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सोशल मीडिया के माध्यम से दहशत फैलाने वाले वीडियो प्रसारित करने वालों पर भी पुलिस की सतत निगरानी है।
पुलिस ने जिलेवासियों से अपील की है कि धार्मिक आयोजनों को शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने में पुलिस-प्रशासन का सहयोग करें। किसी भी प्रकार के विवाद, अफवाह अथवा आपत्तिजनक वीडियो को सोशल मीडिया पर प्रसारित न करें और ऐसी सामग्री सामने आने पर उसे आगे शेयर करने के बजाय पुलिस को इसकी सूचना दें।






